कालसी वन प्रभाग के चौड़पुर रेंज के अंतर्गत सहसपुर के शंकरपुर गांव में पिंजरे में कैद हुए गुलदार का भविष्य अब डीएनए रिपोर्ट आने के बाद ही तय होगा। फिलहाल गुलदार को हरिद्वार के चिड़ियापुर स्थित रेस्क्यू सेंटर रेफर कर दिया गया। जहां उसका डीएनए सैंपल लेने के साथ उसके व्यवहार को भी देखा जाएगा।
छह मई को यहां महमूद नगर बस्ती से एक गुलदार घर के आंगन में खेल रहे बच्चे को निबाला बनाया है। अगले दिन आम के बगीचे में बच्चे का शव मिला था। बगुलदार को पकड़ने के लिए यहां वन विभाग की तरफ से पिंजरा लगाया था। शुक्रवार को गुलदार को चिड़ियापुर स्थित रेस्क्यू सेंटर भेज दिया गया। डीएफओ अमरेश कुमार ने इसकी पुष्टि की है। गुलदार को रेस्क्यू सेंटर में ही रखा जाएगा। यदि नमूने मेल नहीं खाएंगे तो गुलदार को पुन: जंगल में छोड़ने पर विचार किया जाएगा।

