बलिया: गौरतलब है कि मई 2019 में घोसी से बसपा सांसद अतुल राय पर दुष्कर्म मामला दर्ज किया गया था जिसमें आज शनिवार को इस मामले में उन्हें अदालत ने बरी कर दिया है। विशेष न्यायाधीश एमपी-एमएलए सियाराम चौरसिया की कोर्ट ने ये बड़ा फैसला लिया। जबकि अतुल राय अभी जेल से बाहर नहीं निकले हैं बीएसपी सांसद के वकील ने कहा कि लखनऊ में एक मामला और दर्ज है। उसमें जमानत के बाद ही रिहाई की जाएगी। मुकदमे में सुनवाई के बाद शनिवार को वाराणसी कचहरी परिसर के बाहर अतुल राय समर्थकों की भारी भीड़ रही।
तीन साल पुराना यह मामला काफी सुर्खियों में था ,16 अगस्त को अतुल राय पर दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली युवती ने अपने मित्र के साथ सुप्रीम कोर्ट के सामने आत्मदाह किया था। जिसमें युवक की 21 और युवती की 24 अगस्त को मौत हो गई थी।
दोनों ने कोर्ट के बाहर फेसबुक पर लाइव वीडियो शेयर करते हुए आत्मदाह किया था। लाइव वीडियो में पीड़िता और उसके साथी ने वाराणसी पुलिस के तत्कालीन अफसरों और न्याय व्यवस्था को कोसते हुए ये आत्महत्या का कदम लिया था। आपको बतादें की पहले से ही अतुल राय पर करीब कुल 27 आपराधिक मुकदमे दर्ज है। 2009 में पहला मुकदमा दर्ज किया गया था। बीएससी की पढ़ाई के दौरान ही अतुल राय का झुकाव जरायम और सियासत की ओर हुआ था।

