प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने आज मंगलवार को अंकिता भंडारी हत्याकांड की सीबीआई जांच और वीआईपी के नाम के खुलासे की मांग को लेकर गांधी पार्क में 24 घंटे के प्रदर्शन पर बैठे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार वीआईपी को रिजॉर्ट का कक्ष बताने वाले बयान को वापस लिया गया है। उन्होंने अनामिका मामले में सुप्रीम कोर्ट में विशेष याचिका दाखिल किए जाने की भी बात कही है। पूर्व सीएम हरीश रावत ने कहा है कि अंकिता हत्याकांड मामले में जनता सवालों का जवाब चाहती है। जनता जानना चाहती है कि रिजॉर्ट में बुलडोजर किसके आदेश पर चलाया गया, रिजॉर्ट सील क्यों नहीं किया गया, रिजॉर्ट में पुलिस प्रशासन की मौजूदगी के बावजूद दो बार आग कैसे लगी थी।
सीएम धामी सरकार की प्रतिक्रिया –धामी सरकार के तीन मंत्रियों ने उन पर हमला बोला है। सुबोध उनियाल ने कहा कि हरीश रावत के पास कोई काम नहीं है। धरना देना हरीश की राजनीति का हिस्सा बन चुका है।

