लखनऊ के अलीगंज इलाके में त्रिवेणीनगर-2 के योगीनगर में 90 वर्षीय वृद्धा स्नेहलता शर्मा की ह्त्या बीते रविवार को सुबह हुई थी एक ही दिन में इस हत्या की गुत्थी सुलझ गई है। ह्त्या उनके अपने ही पोते मानस ने की थी। रविवार देर रात पुलिस ने उसको जब हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उसने सब कुछ कबूल लिया। पुलिस का दावा है कि आरोपी ने अपनी दादी से ढाई हजार रुपये व सोने के कंगन लूटे थे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद सामने आया कि सर पर वार किया गया जिससे स्नेहलता शर्मा की मौत हो गई। नशे की लत ने मानस को इस कदर वहशी बनाया कि उसने अपनी ही 90 वर्षीय दादी को मार दिया। दादी के सिर, गले, चेहरे, पेट पर करीब 12 बार बांका से वार किए थे। वारदात को अंजाम देकर वह शहर में ही घूमता रहा और मानस के पास से 1850 रुपये व कंगन बरामद हुए हैं।
बताया जा रहा है कि घटना के दिन उनके तीसरे नंबर के बेटे मुकेश चंद्र शर्मा घर आए थे फल दिए और करीब एक घंटा वहां मौजूद थे। पौत्र मानस सारस्वत को गिरफ्तार किया गया है। वह स्नेहलता के सबसे छोटे बेटे महेश चंद्र शर्मा का बेटा है।मानसा ने पहले दादी से जबरन कंगना लेने का प्रयास किया फिर विरोध होने पर उन्हें धक्का दिया और बांके से कई वार किए हत्या करदी . वारदात के बाद आरोपी ने लूटी गई रकम से शराब खरीदी थी। जब पुलिस ने उसको हिरासत में लिया तो वह नशे में धुत था। कई कफ सीरप भी उसके पास से बरामद हुए।

