बरेली : यूपी के बरेली में उत्तराखंड सरकार में महिला एवं बाल कल्याण मंत्री रेखा आर्य के बेटे और भाजपा के नवाबगंज सीट से प्रत्याशी डॉ. एम पी आर्य के ख़िलाफ़ आचार संहिता के उल्लंघन का मुकदमा दर्ज हुआ है। डॉ.एम पी आर्य ने चुनाव आयोग के द्वारा कोरोना संबंधी पाबंदी के बाद भी चुनाव कार्यालय का उद्घाटन किया था। यही नहीं उन्होंने कैंट विधानसभा में सभा का आयोजन भी कराया था। जिसके बाद डॉ.आर्य के ख़िलाफ़ आचार सहिंता का मुकदमा दर्ज किया गया है। फ्लाईंग स्क्वायड प्रभारी धर्मेंद्र रस्तोगी ने इस संबंध में जानकारी दी कि वह पुलिस टीम के साथ विधानसभा निर्वाचन के दौरान आचार संहिता का पालन करानेऔर चुनाव के दौरान होने वाली धांधलेबाजी की जांच करने के लिए निकले थे, चेकिंग के दौरान उन्हें पता चला कि पीलीभीत बाईपास रोड स्थित एक हॉल में मैनेजर प्रमोद कुमार निवासी इज्जतनगर, और भाजपा नेता पप्पू गिरधारी के बेटे रिंकू गिरधारी ने भाजपा की चुनावी सभा का आयोजन किया था।
बताया जा रहा है कि सभागार में सैकड़ों कार्यकर्त्ता उपस्थित थे। और वहां आचार संहिता का पालन नहीं किया जा रहा था। चुनाव आयोग के द्वारा ज़ारी की गई गाइडलाइंस जैसे सोशल डिस्टेंसिंग और सेनेटाइजेशन भी नहीं किया गया था। इस जनसभा में बरेली से सांसद संतोष गंगवार, विधायक डॉ अरुण कुमार, कैंट उम्मीदवार संजीव अग्रवाल, बिथरी उम्मीदवार डा. राघवेंद्र शर्मा, फरीदपुर से विधायक डॉ श्याम बिहारी लाल समेत अन्य कई भाजपा नेता मौज़ूद थे।और जब मैनेजर से कार्यक्रम करने का अनुमति पत्र मांगा गया,तो वह उसे दिखाने में आनाकानी करने लगे। जिसके बाद थाना बारादरी में उत्तराखंड सरकार में मंत्री के बेटे और मैनेजर के ख़िलाफ़ आचार संहिता के उल्लंघन और महामारी अधिनियम के उल्लंघन के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है।

