बांग्लादेशी नागरिक डॉ. रिजवान मोहम्मद व उसके परिवार को अपने हस्ताक्षर से भारतीय होने का प्रमाण पत्र देने के आरोप में फंसे सपा विधायक इरफान सोलंकी से बीते दिन मंगलवार को पुलिस की एक टीम जेल में मिलने पहुंची जहां पर विधायक से 50 पन्नों में 1350 बार हस्ताक्षर कराए गए। जिनका मिलान लेटरहेड पर हुए हस्ताक्षरों से कराया जाएगा। इस दौरान विधायक खिसिया भी गए और अभद्र शब्दों का इस्तेमाल करने लगे। टीम को लगभग एक घंटे का समय लगा ये सब प्रक्रिया के लिए नमूने एकत्र के बाद झांसी की फोरेंसिक लैब में जांच के लिए उन्हें भेजा जा रहा है। सपा विधायक इरफान सोलंकी के हस्ताक्षरों का फौरी तौर पर मिलान पुलिस पहले ही एक निजी एक्सपर्ट से करा चुकी थी। इसके बाद जब रिजवान मोहम्मद की नौ घंटे की पुलिस कस्टडी रिमांड ली गई तो उसने भी विधायक द्वारा हस्ताक्षर किए जाने की बात कबूल कर ली, इसके बाद बीते सोमवार को इरफान का नाम डॉ. रिजवान केस में विवेचना के चलते भी सामने आया।
हालाँकि की ये भी सामने आया है कि जेल में जब सिग्नेचर लिए जा रहे थे तो विधायक अपने हस्ताक्षर कई बार बदल रहे थे, इसलिए इसका अब फोरेंसिक द्वारा मिलान किया जाएगा। इस मसले में 15 अन्य की पहचान हुई है जिनमेंसे चिह्नितों में तीन को पुलिस ने उठाया है।
जेल में विधायक के लिए गए 1350 बार हस्ताक्षर,फोरेंसिक करेगी जांच

