देहरादून : कोरोना-डेंगू-और अब प्रदेश में बच्चो के लिए घातक समस्या टुमैटो फ्लू भी खतरे की घंटी बन गया है। बच्चों में फैलने वाली हैंड फुट माऊथ डिजीज टोमैटो फ्लू से बचाव के लिए उत्तराखंड शासन ने गाइडलाइन जारी कर दी है। प्रभारी सचिव स्वास्थ्य डॉ. आर राजेश कुमार ने सभी जिलाधिकारियों को इस संबंध में पत्र भी भेजा है और जिसमें डॉ. राजेश कुमार ने कहा है कि यह संक्रमण खांसने, छींकने से फैलता है। संक्रमित व्यक्ति के नजदीकी संपर्क में आने, थूक या लार के संपर्क से भी फैलता है।
लक्षण-
इसमें बच्चे को बुखार आने के साथ ही बदन दर्द, जी मिचलाना, भूख न लगना, गले में सूजन व दर्द, दस्त लगना, जोड़ों में सूजन के साथ ही एक से दो दिन के भीतर मसूड़ों, चेहरे, जीभ, हाथ व पंजों में चकत्ते आ जाते हैं। इससे बचाव के लिए उन्होंने संक्रमित बच्चे या व्यक्ति को बीमारी की अवधि के दौरान आईसोलेट करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारियों व मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वह टोमैटो फ्लू की कड़ी निगरानी करें। सभी राजकीय व निजी अस्पतालों में चिकित्सकों व स्वास्थ्य कर्मियों को इस संबंध में जागरूक किया जाए।
उपचार-
सावधानी से इस रोग पर पूरी तरह से नियंत्रण पाया जा सकता है। लक्षण होने पर बॉडी हाईड्रेट रखें। प्रचुर मात्रा में पानी व तरल पदार्थों का सेवन करें। संतुलित आहार जैसे हरी सब्जियां, फल, प्रोटीन, विटामिन का सेवन करें। बुखार व दर्द के लिए पैरासिटामाल का इस्तेमाल करें।

