बिहार : जब हम कुछ ठान ले तो वो ज़िद्द बन जाती है ऐसा एक मामला आपको हैरान कर देगा जिसके चलते मामला ठाना बिहार के पटना का है जहां के एक शख्स 22 सालों से नहीं नहाया है। ये कहानी है धर्मदेव की जो कि पिछले 22 वर्षों से गांव में ब्रह्मस्थान के पास रहते हैं। साल 2003 में उनकी पत्नी मायादेवी की मृत्यु होने के बाद भी वे नहीं नहाए। इसके बाद उनके दो बेटों की मौत हो गई। इस पर भी उन्होंने शरीर पर एक बूंद पानी नहीं डाला। इधर, ग्रामीणों का कहना है कि धर्मदेव राम तांत्रिक कर्मकांड करते हैं, यही वजह है कि वे दिमागी तौर पर बीमार हैं।
यही वजह है कि वह ना नहाने की जिद्द पाले बैठे हैं। वहीं धर्म देव का कहना कि साल 1986 में अचानक उन्हें ऐसा लगा कि देश में भूमि विवाद, जीवहत्या व महिलाओं के साथ अत्याचार बढ़ने लगे हैं। इसके बाद से उन्होंने शपथ ली कि जब तक ये सब अत्याचार बंद नहीं होंगे वे नहीं नहाएंगे। ग्रामीण बताते हैं कि धर्मदेव एक गुरु के साथ 6 महीने रहे व जप-तप किया। वे भगवान श्रीराम को अपना आदर्श मानते हैं। ग्रामीणों के अनुसार, धर्मदेव भगवान राम के बताए गए उसूलों पर सदैव चलते आए हैं।

