कोरोना ने देश में तबाही मचाई लाखों की जाने गयीं और कई इससे संक्रमित होकर इससे जंग जीते भी। अब नयी खबर सामने आई है कि इसके नए वैरिएंट्स का खतरा वैश्विक स्तर पर तेजी से बढ़ता हुआ देखा गया है। नए वैरिएंट्स एरिस और BA.2.68 ने वैज्ञानिकों को अलर्ट कर दिया है। वैज्ञानिकों ने बताया है कि इन वैरिएंट्स की संक्रामकता दर काफी अधिक गई है और खतरा उन लोगों में भी बढ़ सकता है जिनका क्सीनेशन हो चुका है या पहले से संक्रमण के बाद उनके शरीर में प्रतिरक्षा बनी हुई है। नए वैरिएंट्स में देखे गए और अलग म्यूटेशन के कारण यह आसानी से इम्युनिटी को भी दरकिनार करने वाला बताया गया है।
कोरोना किस प्रकार के स्वास्थ्य जोखिमों को बढ़ाने वाला हो सकता है, इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च ने एक अध्ययन किया है कि शोध की जारी रिपोर्ट में कहा गया कि संक्रमण के शिकार रहे 40 वर्ष से अधिक उम्र के लोग जो कोमोरबिडीटी के शिकार थे।

