लखनऊ : दो दिन पूर्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गोरखपुर दौरे पर थे जहाँ उन्होंने सभा को सम्बोधित करते हुए पूर्व सरकार समाजवादी पार्टी पर टिप्पणी की थी जिसमें कहा था कि ‘लाल टोपी’ वाले राज्य के लिए खतरे की घंटी हैं ,रेड अलर्ट बताया था। जिसपर अब राजनीति गलियारों में गर्मागर्मी का माहौल है। आपको बतादें कि गोरखपुर में पीएम के इस कटाक्ष पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बीते दिन मंगलवार को मेरठ में हुई जनसभा में सटीक जवाब दिया है और वहीं आप सांसद संजय सिंह इसे आरएसएस की ‘काली टोपी’ तक ले गए थे। बुधवार को एक बार फिर पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए अखिलेश यादव ने पीएम मोदी के इस बयान का सीधा जवाब देते हुए कहा कि “उत्तर प्रदेश में ‘लाल टोपी’ बदलाव का प्रतीक है। यूपी बदलाव देखना चाहती है। भाजपा द्वारा किए गए वादे ‘जुमला’ मात्र हैं, वह लगातार लोगों से झूठ बोलते रहे हैं। उन्होंने जनता को गुमराह किया है। क्या उन्होंने अपने वादे पूरे किए? क्या किसानों की आय दोगुनी हुई? क्या युवाओं को नौकरी मिली?
इस बयान के बाद अखिलेश यही नहीं ठमेनिन बल्कि कहा कि “उन्होंने कहा कि जो लोग जनता की संपत्ति बेचते हैं वो लाल रंग से डरते हैं। आज तक यह ‘जुमलों’ वाली सरकार रही है, अब यह ‘बेचू’ सरकार भी हो गई है। वह ऐसे मुद्दे इसलिए उठा रहे हैं क्योंकि वो असल मुद्दों पर बहस नहीं चाहते।

