देहरादून :उत्तराखंड में पेपर लीक मामले में एसटीएफ ने बीते दिन आउटसोर्स कंपनी के निदेशक से डेढ़ घंटे तक बातचीत की है। अब एसटीएफ ने उन्हें दस्तावेजों के साथ आने के लिए बोला गया है। इस सप्ताह के अंत में निदेशक एक बार और बयान दर्ज कराने एसटीएफ कार्यालय में पहुंचेंगे। अब तक इस मामले में 18 लोग गिरफ्तार हुए हैं। इनमें सबसे अहम गिरफ्तारी जिला पंचायत सदस्य हाकम सिंह रावत और एक शिक्षक की मानी जा रही है। इन्हीं दोनों के ताल्लुकात कंपनी तक भी बताए जा रहे हैं। कंपनी की प्रिंटिंग प्रेस में भी संदिग्धता नजर आई थी। वहां पर उस वक्त के ही सीसीटीवी फुटेज गायब थे, जब पेपरों की प्रिंटिंग और पैकेजिंग की गई थी। सूत्रों के अनुसार, इस मामले में कंपनी के इस अधिकारी और हाकम सिंह रावत के होने की आशंका है। जानबूझकर एक सुनियोजित षड्यंत्र के तहत यह सेंटर इस क्षेत्र में बनाया गया था।
मामले में एसटीएफ कंपनी के अधिकारियों से पहले भी पूछताछ हुई है। अब बिजनौर कनेक्शन सामने आने के बाद एसटीएफ ने निदेशक को देहरादून कार्यालय बुलाया था।
पेपर लीक मामला: निदेशक से एसटीएफ की पूछताछ

