देहरादून : उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में किसानों की मौत के बाद हिंसा अब अन्य राज्यों तक पहुँच गई है। इस कड़ी में यह हिंसात्मक आग अब उत्तराखंड तक जा पहुंची हैं। प्रदेश भर में सोमवार सुबह से धरना, प्रदर्शन, पुतला दहन और कांग्रेस कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी की गई है। दूसरी तरफ,लखीमपुर खीरी हिंसा और प्रियंका गांधी की गिरफ्तारी के विरोध में देहरादून एसएसपी कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदेश के पूर्व सीएम हरीश रावत समेत लगभग 80 कांग्रेसी नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस हिरासत में लिया है। गिरफ्तारी के बाद हरीश रावत पुलिस लाइन में हज़ारों कार्यकर्ताओं के साथ धरना देने लगे हैं। पुलिस अधिकारी वार्ता कर हरीश रावत को समझाने बुझाने का प्रयास करते रहे। इसी प्रकार गढ़वाल और कुमाऊं के कई क्षेत्रों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गिरफ्तार देदी है।
उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल के आह्रवान पर आज प्रदेशभर के जिला मुख्यालयों में मौनव्रत एवं सामूहिक गिरफ्तारी के साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और यूपी के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी की सरकार का पुतला दहन किया है। देहरादून में नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह के नेतृत्व में महानगर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध-प्रदर्शन के साथ भाजपा की योगी-मोदी सरकार का पुतला दहन किया।प्रीतम सिंह ने कहा कि लखीमपुर खीरी की घटना जघन्य हत्याकांड है। इस घटना की कडे़ शब्दों में निंदा करता हूं। दमनकारी नीति का परिचय देते हुए शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे किसानों को सत्ता के बल पर खत्म करने का प्रयास किया जा रहा है। आपको बतादें कि अराजकता का माहौल बन गया है। देश का नौजवान और किसान अपने अधिकारों के लिए सड़कों पर उतर आया है। गरीब जनता भाजपा शासन में सबसे अधिक मायूस है।
लखीमपुर खीरी की हिंसा उत्तराखंड पहुंची,हरीश रावत की हुई गिरफ्तारी

