लखनऊ : बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने आज शनिवार को लखनऊ में प्रेसवार्ता आयोजित की जहां उन्होंने राष्ट्रपति चुनाव को लेकर विपक्ष की बैठक में बसपा को नदारद रखने पर प्रतिक्रिया दी है और कहा कि हमें सरकार और विपक्ष ने अलग-थलग रखा गया। राष्ट्रपति चुनाव में विपक्ष का षड़यंत्र देखने को मिला। हम यह साफ कर देना चाहते हैं कि हमारी पार्टी ने आदिवासी समाज को अपने मूवमेंट का खास हिस्सा मानते हुए द्रौपदी मुर्मू को राष्ट्रपति पद के लिए अपना समर्थन देने की बात कही है।आज मायावती ने प्रेसवार्ता में ये भी कहा कि हमारा यह फैसला न तो भाजपा या एनडीए के समर्थन में है और न ही विपक्ष के खिलाफ। हम अपनी पार्टी और आंदोलन को ध्यान में रखते एक आदिवासी समाज की योग्य और कर्मठ महिला को देश की राष्ट्रपति बनाने के पक्ष में हैं।
जातिवाद-
जब शरद पवार ने 21 जून को एक बैठक बुलाई, तो बसपा को भी आमंत्रित नहीं किया गया था। यह उनके जातिवाद के उद्देश्यों को दर्शाता है।

