केदरानाथ पैदल मार्ग पर बादल फटने से मची भारी तबाही के बाद यात्रा को रोक दिया गया है। केदारघाटी में हाईअलर्ट जारी किया है। साथ हीकेदारनाथ पैदाल मार्गों पर फंसे श्रद्धालुओं का सुबह से रेस्क्यू किया जा रहा है। अब हेलिकॉप्टर से भी रेस्क्यू अभियान शुरू कर दिया गया है। सड़क और पैदल मार्ग को क्षतिग्रस्त है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी रुद्रप्रयाग में अतिवृष्टि से हुए आपदा प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण होगा जिसके बाद वह बचाव व राहत कार्यों की स्थिति की समीक्षा की जाएगी। सुरक्षा को देखते हुए जिला प्रशासन ने देर रात गौरीकुंड और सोनप्रयाग बाजार को खाली करवा दिया। केदारनाथ पैदल मार्ग को करीब 30 मीटर हिस्सा बह गया है। उधर, टिहरी के घनसाली में भिलंगना ब्लॉक के नौताड़ तोक में एक छोटा होटल ढहने से दंपती भानु व नीलम की मौत हो गई। बेलचोरी में मकान ढहने से दो लोग लापता हो गए हैं। सोनप्रयाग लिनचोली में आपदा से सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। फंसे यात्रियों को हेलिकॉप्टर से रेस्क्यू किया जा रहा है
केदारनाथ में 2013 जैसा तबाही का मंजर,हेलीकॉप्टर से रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

