डायमंड सिटी कहे जाने वाले सूरत में भाजपा का परचम लहराया है। चुनाव प्रचार के चलते आदमी पार्टी ने इसे धुंधला करने की कोशिश जरूर की, लेकिन आज गुरुवार को आए चुनाव नतीजों ने सब कुछ साफ कर दिया। सभी सीटों पर आम आदमी पार्टी और कांग्रेस को करारी हार का सामना किया है। जिले की 16 सीटें जीतकर भाजपा ने अपना सफलता का झंडा गाड़ा है।
भाजपा का गढ़ कहे जानें वाले सूरत इस बार के चुनाव में काफी चर्चा में रहा और शहर की 12 सीट सहित जिले की 16 सीटों पर पूरे गुजरात की निगाहें बनीं हुई थीं।
भारतीय जनता पार्टी का करीब 20 साल से यहां दबदबा है। पिछले 15 वर्षों से भाजपा शहर की एक भी सीट नहीं हारी है। 2022 के विधानसभा चुनाव में भी भाजपा ने यह रिकॉर्ड कायम रखा है। विधानसभा चुनाव के दौरान आम आदमी पार्टी का फोकस इसी शहर पर था।आप के 27 पार्षद भी इन्हीं क्षेत्रों से महानगर पालिका में चुनकर आए। आम आदमी पार्टी ने यहां एक साल में 20 से ज्यादा सभाएं की।कांग्रेस पार्टी को सूरत शहर की एक मात्र सीट सूरत पूर्व और ग्रामीण इलाके की मांडवी सीट पर जीत की उम्मीद थी।

