नई दिल्ली : पंजाब के किसान स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करेगे, एमएसपी पर गारंटी, लखीमपुर खीरी हादसे पर सख्त कार्रवाई करने, किसान मोर्चों के दौरान मारे गए किसानों के परिवारों को सरकारी नौकरी व मुआवजा राशि देने की मांग पर अड़े हैं। उन्हें दिल्ली पहुंचने से रोकने के लिए हरियाणा में सुरक्षा के काफी सख्ती से कड़े इंस्टेंज़ाम हुए हैं। अब किसानों ने दिल्ली की तरफ कुछ शुरू कर दिया है। आज मंगलवार को किसानों के मार्च पर केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा ने कहा है कि किसानों की कुछ मांगों पर हमें राज्यों के साथ चर्चा करने की जरूरत है… हमें चर्चा के लिए एक मंच तैयार करने और समाधान खोजने की जरूरत है। भारत सरकार किसानों के हितों की रक्षा के लिए बाध्य है…जनता को असुविधा नहीं होनी चाहिए। किसान मजदूर मोर्चा अमृतसर के अध्यक्ष सरवण सिंह पंधेर बड़ी संख्या में ट्रैक्टर ट्रालियों को लेकर दिल्ली की ओर सरहिंद राजपुरा मार्ग से निकले हैं। किसानों ने पंजाब के फतेहगढ़ साहिब से अपना ‘दिल्ली चलो’ मार्च शुरू कर दिया है। फतेहगढ़ साहिब में किसानों ने प्रेस कॉन्फ्रेंस रखी गई है। पंजाब का शंभू बॉर्डर पूरी तरह से सील है।
हजारों किसानों ने दिल्ली का किया कूच, कहा-फतेह करेंगे, टकराव नहीं

