नई दिल्ली : चुनावों से पूर्व सभी राजनैतिक पार्टियां जनता से अपनी रोटियां भुनाने में लगीं हैं। जैसा की कयास पहले से थे कि आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक एवं दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का तीसरी बार उत्तराखंड आना यूँ नहीं था। वो सही साबित हुए औरआज सीएम साहब ने राज्य में बेरोजगारी के मुद्दे को भुना लिया है। रविवार को हल्द्वानी में अपने दौरे पर अरविन्द केजरीवाल ने राज्य में रोजगार बढ़ाने की बात कही। उन्होंने ये भी कहा कि इस दौरान उत्तराखंड में आम आदमी पार्टी की सरकार आने पर छह माह में एक लाख नौकरी दी जाएंगी।
उन्होंने कहा कि सरकारी और निजी क्षेत्र में 80 प्रतिशत नौकरियां उत्तराखंड के युवाओं के लिए आरक्षित होंगीं। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के 21 सालों की दुर्दशा को 21 महीने में सुधारेंगे। उत्तराखंड पलायन प्रदेश बन गया है और यहां युवा रोजगार मांग रहा है। युवाओं को रोजगार देने के लिए केजरीवाल ने छह बड़ी घोषणाओ की बात कही और उनको जमीनी हकीकत बनने का दावा किया दावा भी किया। उन्होंने कहा कि आप की सरकार बनने के बाद उत्तराखंड के युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। सरकारी और प्राइवेट संस्थानों में उत्तराखंड के 80 प्रतिशत युवाओं को रोजगार हम देंगें।
अरविन्द केजरीवाल ने ये भी कहा कि अगर उत्तराखंड राज्य में सरकार बनती है तो एक लाख नौकरियां निकाली जाएंगी। उत्तराखंड के युवाओं के लिए जॉब पोर्टल तैयार किया जाएगा। उत्तराखंड में रोजगार और पलायन मंत्रालय बनाया जाएगा। अपने संबोधन के बाद अरविंद केजरीवाल तिरंगा संकल्प यात्रा में शामिल हुए।

