उत्तराखंड सीएम की यूपी मुखिया से मुलाक़ात,सुलझा परिसंपत्तियों का विवाद

देहरादून/लखनऊ : आज उत्तरप्रदेश में उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी यूपी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलने पहुंचे  हैं। जहाँ सालों से उत्तराखंड और यूपी के समक्ष जारी परिसंपत्ती विवाद सुलझ गया है। राजधानी लखनऊ के दो दिवसीय दौरे पर आए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से आज सुबह शिष्टाचार भेंट करते हुए मीटिंग की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने उत्तराखंड से जुड़े विभिन्न विषयों पर सीएम योगी के साथ विचार विमर्श किया। दोनों के बीच बातचीत में पुराना परिसंपत्ति विवाद खत्म हुआ।  इतना ही नहीं दोनों सरकारों के बीच सभी विवादों पर भी सहमति हुई हैं। 


आज गुरूवार को जो परिसंपत्ति विवाद सुलझा है उसमें करीब 20 हजार करोड़ पर विवाद सुलझाया गया है। जिसके अंतर्गत वन विभाग, सिंचाई विभाग और परिवहन विभाग के साथ साथ अन्य विभागों की 20 हजार करोड़ की परिसंपत्तियों का विवाद सुलझा लिया गया। वार्ता के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बताया कि 15 दिनों में सभी लम्बित मामलों को ठीक किया जाएगा। सीएम योगी ने इन सभी तथ्यों को बेहद गंभीरता के साथ सुना हैं।

आज हुई इस बैठक में सभी मुद्दों पर सहमति बनी है। जो मुद्दे बचे हैं वह भी जल्द सुलझा लिए जाएंगे। उत्तर प्रदेश बड़ा भाई है। हमारा मातृ प्रदेश उत्तर प्रदेश है। दोनों भाइयों में जो बंटवारे में होता है वह हो जाएगा। धामी ने  बड़ा दिल दिखाने की बात भी कही है। सीएम योगी ने कहा कि मुख्य सेवक के रूप में पिछले चार महीने से काम कर रहा हूं। सभी लोग उत्तराखंड में सरकार को आगे बढ़ाने में लगे हुए हैं। कहा कि अलकनंदा होटल उत्तराखंड को मिलेगा। 

आज जिन मुद्दों को लेकर बात हुई है उनमें ये कुछ अहम् रहे –
हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर व चंपावत में 351 आवासीय भवन यूपी से मिलाव

हरिद्वार, ऊधमसिंहनगर और चंपावत में 379 हेक्टेयर भूमि उत्तराखंड का हस्तानांतरण     यूएसनगर में धौरा, बैगुल, नानकसागर जलाशय में पर्यटन व जलक्रीड़ा से पहले परीक्षण किया जाए। 

इसके अलावा उत्तराखंड पर्यटन विभाग को पूर्व की गंग नहर में वाटर स्पोर्ट्स की मंजूरी पर चर्चा
कुंभ मेला की 687.575 हैक्टेयर भूमि को सिंचाई विभाग को हस्तांतरित होनी है

केंद्र के आदेशानुसार उत्तराखंड वन विकास निगम को यूपी वन निगम में संचित व आधिक्य धनरासि 425.11 करोड़ में से 229.55 करोड़ की धनराशि उत्तराखंड मिलनी है

उत्तराखंड गठन के बाद 50 करोड़ मोटर यान कर उत्तराखंड परिवहन निगम को दिया जाना था। 36 करोड़ बकाया है
यूपीसीएल को बिजली बिलों का 60 करोड़ का बकाया भुगतान। 

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