देहरादून : देवभूमि उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण की रफ़्तार ना के बराबर होती दिख रही है। आपको बतादें कि बीते 24 घंटे में प्रदेश में 21 नए कोरोना पॉज़िटिव पाए गए हैं। दुखद ये है कि संक्रमण से जान गवाई है। जबकि आठ मरीजों को ठीक होने के बाद घर डिस्चार्ज किया गया है। सक्रिय मरीजों की संख्या बढ़कर 150 पहुँच गई हैं। जिनमें सबसे ज्यादा 101 एक्टिव केस राजधानी देहरादून में निकले हैं। बीते दिन सोमवार में देश में 137 एक्टिव मामलें थे।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी बुलेटिन के अनुसार, मंगलवार को 9405 सैंपलों की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई है। छह जिलों बागेश्वर, पिथौरागढ़, रुद्रप्रयाग, टिहरी, ऊधमसिंह नगर और उत्तरकाशी में एक भी संक्रमित मरीज नहीं मिला है। वही, अल्मोड़ा में 10, चमोली, चंपावत, नैनीताल और पौड़ी में एक-एक , देहरादून में पांच और हरिद्वार में दो संक्रमित मिले हैं। आज (मंगलवार) को प्रदेश में 58 हजार 660 लोगों को कोरोना से बचाव की वैक्सीन दी गई। अब तक प्रदेश में 74 लाख 95 हजार 689 लोगों को पहली डोज जबकि 41 लाख 17 हजार 197 लोगों को दोनों डोज दी जा चुकी हैं।
उत्तराखंड में सर्दी, जुकाम, बुखार से ग्रस्त मरीजों को अब दून अस्पताल में इलाज कराने के पहले आरटीपीसीआर टेस्ट अनिवार्य है। कोरोना की शंका की वजह से अस्पताल प्रबंधन ये ये प्रक्रिया करने का सोचा है। अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. केसी पंत ने इस विषय में बताया कि अस्पताल में जो भी मरीज इलाज कराने आ रहे हैं अगर वे सर्दी, जुकाम, बुखार से पीड़ित हैं और उनमें कोरोना के भी लक्षण दिखाई दे रहे हैं तो ऐसे मरीजों का आरटीपीसीआर टेस्ट होगा। डॉ ने ये भी कहा है कि कोरोना संक्रमित मरीजों के इलाज को लेकर अस्पताल में पूरी व्यवस्था है। मौजूदा वक्त अस्पताल में सिर्फ एक कोरोना संक्रमित का इलाज चल रहा है।

