उत्तरकाशी : चारधाम यात्रा जहां शुरू हो चुकी है धामों के कपाट भी खुलने लगे है वहीँ सरकार की तैयारियां भी पूरी है लेकिन यात्रा में दुखद खबरे भी प्राप्त हो रही है वो ये की चारधाम तीर्थ यात्रियों की सुरक्षा के प्रति सरकार की कितनी तैयारियां हैं। जनपद उत्तरकाशी की कार्डिक एंबुलेंस बीते दो वर्षों से दून मेडिकल कालेज में लगी हुई है वहां यात्रा में इसका अभाव है। जबकि यहां तीर्थयात्री हार्ट अटैक से जान गंवा रहे हैं। जनपद का स्वास्थ्य विभाग कार्डिक एंबुलेंस को वापस मंगाए जाने के लिए निदेशालय से गुहार भी लगा चुका है। बावजूद इसके कार्डिक एंबुलेंस को वापस नहीं भेजा जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग का इस पर तर्क है कि एंबुलेंस मिल जाती है, तो इसे यमुनोत्री यात्रा मार्ग पर भेजा जाता।
वर्ष 2019 में उत्तरकाशी को कार्डिक एंबुलेंस उपलब्ध कराई गई थी। उक्त एंबुलेंस कुछ समय तक सीएचसी चिन्यालीसौड़ में तैनात रही, लेकिन जनपद में तकनीकी स्टाफ न होने के कारण इसका प्रयोग नहीं हो पाया।
तब से यह एंबुलेंस दून मेडिकल कालेज में सेवाएं दे रही हैं। जबकि जनपद में इस समय नितांत आवश्यकता बनी हुई है। चारधाम यात्रा के मात्र तीन दिनों के भीतर यमुुुनोत्री मार्ग पर पांच तीर्थ यात्रियों की हृदयगति रुकने से मौत हो चुकी है।
भेजा गया पत्र-उत्तरकाशी के लिए आवंटित कार्डिक एंबुलेंस को वापस मंगाए जाने के लिए शासन को पत्र भेजा गया है। कहा जा रहा है कि एम्बुलेंस की सुविधा जल्द हो सकती है।

