उत्तराखंड में लगातार हो यही भीषण बारिश के चलते अब घटनाओं का सिलसिला भयावह रूप ले रहा है। जहाँ हिमांचल में पिछले दिनों प्राकर्तिक त्रासदी हुई है और भी कई पहाड़ी इलाकों से भूस्खलन और बादल फटने की घटनाए सामने आई हैं वहीँ आज उत्तराखण्ड के पिथौरागढ़ में बीती रात भारी बारिश से तबाही का मंज़र दिखा दिया। जिसके चलते रात में धारचूला के जुम्मा गांव में जामुनी तोक में लगभग पांच और सिरौउड़यार तोक में दो आवासीय मकान गिर गए।जिसमें करीब अभी तक सात लोगों के लापता होने की खबर हैं और अब तक दो बच्चों के शव बरामद हुए हैं। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने इस घटना पर बताया है कि कल देर रात जुम्मा गांव में अतिवृष्टि के कारण सात लोगों के मलबे में दबे होने की सूचना मिली थी। सूचना के तत्काल बाद घटना क्षेत्र में राजस्व, एसएसबी, पुलिस, एसडीआरएफ और रेस्क्यू टीम रवाना हो गई है। वहीं, एनडीआरएफ भी क्षेत्र में भेजी गई है। इस दौरान टीम ने गांव से दो शव बरामद किए हैं।
डीएम ने अब अधिकारियों के साथ तत्काल बैठक रखकर राहत एवं बचाव कार्य कराने के साथ ही क्षेत्र में राहत सामग्री भेजने की भी योजना तैयार की है। वहीँ इस घटना के बाद उत्तराखंड सीएम पुष्कर सिंह धामी ने जिलाधिकारी पिथौरागढ़ डॉ. आशीष चौहान से फोन पर बात कर जुम्मा गांव में हुई इस प्राकर्तिक आपदा की पूरी जानकारी ली है और निर्देश दिए कि प्रभावितों को तत्काल हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाए। इस राहत व बचाव कार्य पूरी क्षमता के साथ चलाए जाएं। और जो भी लोग इसमें घायल हुए हैं उनके निकालकर इलाज के लिए तुरंत भर्ती किया जाए। आपको बतादें कि आज भी मौसम विभाग की ओर से नैनीताल और पिथौरागढ़ जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इन जिलों में मौसम विभाग की ओर से यलो अलर्ट जारी किया गया है।

