लखनऊ: उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और राजस्थान के पूर्व राज्यपाल कल्याण सिंह का लम्बी बीमारी के बाद कल रात निधन हो गया। कल उन्होंने लखनऊ के संजय गांधी पोस्टग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एसजीपीजीआई) में जीवन की आखिरी सांस ली। गौरतलब है कि एक माह पूर्व 4 जुलाई से अस्पताल वो पीजीआई में भर्ती थे। रविवार को अंतिम दर्शन के लिए लखनऊ में उनके आवास, विधान भवन और भाजपा कार्यालय में उनके पार्थिव शरीर को रखा गया है आज सुबह देश के पीएम नरेंद्र मोदी भी कल्याण सिंह को श्रद्धांजलि देने राजधानी पहुंचे हैं। आपको बतादें कि पार्टी कार्यालय में पीएम मोदी की मौजूदगी में जेपी नड्डा ने कल्याण सिंह की अंतिम इच्छा को पूर्ण करते हुए दिवंगत का पार्थिव शरीर भाजपा के झंडे से ढंका। अंत्येष्ठि में वहां मौजूद सभी लोगों ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।विधान भवन में अंतिम दर्शन के बाद अब कल्याण सिंह के पार्थिव शरीर को भाजपा कार्यालय लाया गया है।
यहां पहले से ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह उपस्थित हैं। कल्याण सिंह ने अपने एक भाषण में कहा था कि मैंने अपना जीवन भाजपा के लिए समर्पित किया है, मैं चाहता हूं कि मैं मरूं तो मेरा शव भी भाजपा के झंडे में ही जाए।रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी पूर्व मुख्यमंत्री को श्रद्धांजलि देने के लिए पहुंचे। नम आंखों से उन्होंने कल्याण सिंह को नमन किया।अंतिम दर्शन के लिए कल्याण सिंह के पार्थिव शरीर को अब विधानसभा भवन लाया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा एयरपोर्ट से सीधे कल्याण सिंह के मॉल एवेन्यू आवास पर पहुंचे। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री के पार्थिव शरीर का अंतिम दर्शन कर पुष्प चक्र चढ़ाया। आज लखनऊ में भाजपा पार्टी समेत अन्य कई दलों के नेता सिंह की इस अंतिम यात्रा में शरीख होने दूर दूर से पहुंचे हैं। यह देश उनके सघन कार्यों और राजनीती में उनके सराहनीय प्रयासों को सदा सदा स्मरण करेगा।

