दिल को सेहतमंद रखने के लिए आपको अन्य फास्ट फ़ूड या बाहरी खाने से दूरिया करने की जरूरत नहीं, और अच्छे खाना पीना ये मतलब कतई नहीं हैं की आप बाहरी खाने से दूर हो जाएं। बर्गर, फ्रेंच फ्राइज या कोल्ड कड्रिं से आप दोस्ती बनाए रख सकते हैं। बस आपको यह ध्यान रखना होगा कि ये चीजें नियमित खानपान में शामिल नहीं करना है। इस सुझाव को अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के पूर्व प्रमुख डॉ. रॉबर्ट एकेल ने दिया है। एसोसिएशन ने अभी कुछ ही समय पहले दिल तंदुरुस्त रखने वाले खानपान को लेकर गाइडलाइंस जारी की थी। जैसी नसीहतों से लोगों पर दबाव डालने के बजाय हमने खानपान के ऐसे पैटर्न को बढ़ावा देने की कोशिश है।
हम अपनी लाइफ में अपने आहार को सही रखने के लिए अपनी खाने की डाइट को संतुलित रखकर दिल से जुड़े जोखिम को काफी हद तक कम किया जा सकता है। हफ्ते में 150 मिनट वर्कआउट, ऊर्जा संतुलन को सही रखता है। उम्र के हर दशक में ऊर्जा की जरूरत 70-100 कैलोरी तक घट जाती है। इसलिए डाइट को संतुलित रखना ज़रूरी है।
गहरे रंग वाले फल-सब्जियां खाएं
विशेषज्ञ बताते हैं कि फल-सब्जियां खाना ह्रदय के लिए काफी मददगार साबित होता है। क्यूंकि इसमें फाइटोकेमिकल्स ज्यादा मिलता है। ये गंभीर बीमारियों को रोकने में सहायक होता है। ये भी कहा जाता है कि गहरे रंग वाले फल-सब्जी में पोषक तत्व ज्यादा होते हैं। जूस के बजाय साबुत खाने से फाइबर अधिक मात्रा में होता है।
रिफाइंड के बजाय साबुत अनाज
जैसा की हम सभी जानते है कि रिफाइंड अनाज में पोषक तत्वों को हटा दिया जाता है। इसलिए साबुत अनाज से बने खाने को ही सेवन करें। साबुत अनाज में चोकर, एंडोस्पर्म और आंतरिक बीज तीनों परत होती है। इसलिए ये पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं। कई सारी स्टडीज में साबित हो चुका है कि साबुत अनाज खाने से दिल को जोखिम पहुंचाने वाले कारकों के नियंत्रण में मदद मिली है।

