लखनऊ : यूपी के लखीमपुर में हुए सामूहिक दुष्कर्म और हत्या मामलें में अब जांच सख्ती से करने के सरकार द्वारा आदेश पारित हुए है जिसके मद्देनज़र प्रदेश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखीमपुर मामले की जांच फास्ट ट्रैक कोर्ट को दी है। एक महीने में दोषियों को सजा दिलाने का भरोसा भी दिया है। उन्होंने पीड़ित के परिजनों को 25 लाख रुपये के मुआवज़े की घोषणा भी की है। परिवार को एक पक्का मकान और कृषि भूमि का पट्टा भी दिया जाएगा। राज्य सरकार के प्रवक्ता ने यह जानकारी दी है।
मानवाधिकार आयोग ने तीन दिन में मांगी रिपोर्ट
गौरतलब है कि दो दिन पूर्व बुधवार शाम लखीमपुर में दो दलित लड़कियों के साथ दुष्कर्म कर हत्या के बाद शव पेड़ पर लटका दिए गए थे। इस मामलें पर राज्य मानवाधिकार आयोग ने संज्ञान लेते हुए एसपी लखीमपुर से तीन दिन के अंदर रिपोर्ट मांगी है। आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति बाल कृष्ण नारायण ने अखबारों में लखीमपुर के निघासन में दो लड़कियों की अपहरण के बाद हत्या, दुष्कर्म की आशंका को लेकर छपी खबरों का संज्ञान लेते हुए कहा कि यह मामला प्रथम दृष्टया मानवाधिकार के हनन का प्रत्यक्ष उदाहरण है। उन्होंने बताया कि इस मामले में एसपी लखीमपुर खीरी से रिपोर्ट मांगी है।
लखीमपुर कांड पर सीएम का बड़ा एलान,फास्ट ट्रैक कोर्ट में केस-25 लाख मुआवज़ा

